आत्मानुभूति का कोई शॉर्टकट नहीं Post Author:मीना ॐ Post published:नवम्बर 16, 2022 Click to share on Twitter (Opens in new window)Click to share on Facebook (Opens in new window)Click to share on WhatsApp (Opens in new window)Click to share on LinkedIn (Opens in new window)MoreClick to share on Pinterest (Opens in new window) बड़ी तपस्या के बाद ही एक ऐसा भगवद्स्वरूप व्यक्तित्व उभरता है जिसके दर्शन में शीतलता प्रत्येक क्रिया में मधुरता वाणी में ओज और उपस्थिति में अद्भुत तेज होता है यही सत्य है यहीं सत्य है प्रणाम मीना ऊँ Click to share on Twitter (Opens in new window)Click to share on Facebook (Opens in new window)Click to share on WhatsApp (Opens in new window)Click to share on LinkedIn (Opens in new window)MoreClick to share on Pinterest (Opens in new window) प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करेंCommentEnter your name or username Enter your email Enter your website URL (optional) अगली बार जब मैं टिप्पणी करूँ, तो इस ब्राउज़र में मेरा नाम, ईमेल और वेबसाइट सहेजें। You Might Also Like क्यों कृष्ण गुरुदेव मई 7, 2022 प्रणाम मंगलम् जनवरी 24, 2023 कुछ बिक गए, कुछ बिकने को हैं तैयार बस किसी भी तरह, कुर्सी रहे बरकरार अप्रैल 8, 2021 स्तुति जनवरी 22, 2022